

सरसीवां। ग्राम पंचायत बालपुर, जनपद पंचायत बिलाईगढ़ में पंचायत सचिव पर गंभीर अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जनदर्शन बैठक दिनांक 11 नवंबर 2025 एवं 18 नवंबर 2025 को प्रस्तुत आवेदनों पर कार्रवाई करते हुए जिला पंचायत द्वारा जिला स्तरीय जांच समिति का गठन किया गया है।
शिकायतकर्ताओं—जिनमें ग्राम पंचायत बालपुर के उपसरपंच एवं पंच शामिल हैं—ने आरोप लगाया है कि पंचायत सचिव मानिकदास माणिकपुरी लंबे समय से एक ही पंचायत में पदस्थ रहते हुए शासन से स्वीकृत विभिन्न मदों की राशि का दुरुपयोग कर रहे हैं और विकास कार्यों में भारी अनियमितताएं बरती गई हैं।

शिकायत के प्रमुख आरोप
1. डीएमएफ मद से स्वीकृत सीसी रोड निर्माण (धनेश्वर सागर के घर से जेकनट के घर तक) बिना निर्माण कराए पूरी राशि आहरण।
2. मंगल भवन निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग और गुणवत्ता विहीन कार्य।
3. आंगनबाड़ी भवन की राशि का गबन, कार्य बीते 5 वर्षों से लंबित।
4. मुक्तिधाम आहाता निर्माण की राशि का निजी उपयोग।
5. शासन की योजनाओं का लाभ करीबी रिश्तेदारों को देने का आरोप।
6. नवीकृत बोर खनन कार्य को पुनः जिला पंचायत सदस्य निधि में शामिल कर दोबारा राशि आहरण।
7. 15वें वित्त आयोग सहित अन्य मदों की राशि का निजी कार्यों में उपयोग।
8. पंचायत प्रस्ताव के बिना पुराने कार्यों की राशि निकालकर घटिया गुणवत्ता के कार्य कराना।
जांच समिति का गठन

शिकायत क्रमांक 2310125002068 (दिनांक 18.11.2025) के आधार पर तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की गई है, जिसमें—
औमती भोजकुंवारी खांडेकर, प्रभारी कार्यपालन अभियंता, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, जिला सारंगढ़–बिलाईगढ़
लेखाधिकारी, जिला पंचायत सारंगढ़–बिलाईगढ़
प्रभारी जिला ऑडिटर, जिला पंचायत सारंगढ़–बिलाईगढ़
को शामिल किया गया है। समिति को निर्देशित किया गया है कि वह तीन दिवस के भीतर शिकायत में उल्लिखित तथ्यों की जांच कर प्रमाणित दस्तावेजों सहित रिपोर्ट प्रस्तुत करे। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
लगातार गरमाया हुआ है मामला

ग्राम पंचायत बालपुर में पंचायत सचिव पर लगे आरोपों का मामला पिछले एक–दो महीनों से लगातार गरमाया हुआ है। ग्रामीणों द्वारा कई बार कलेक्टर कार्यालय में आवेदन देने के बावजूद ठोस कार्रवाई न होने से ग्रामीणों में रोष बना हुआ है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि सचिव द्वारा लगभग हर विकास कार्य में मनमानी करते हुए भ्रष्टाचार किया गया है और उन्हें न अधिकारियों का भय है, न शासन–प्रशासन का।
जांच के दौरान सामने आए बिंदु
1. आंगनबाड़ी केंद्र भवन स्वीकृत होने के बावजूद अधूरा, जबकि कागजों में पूर्ण दर्शाया गया।
2. स्वीकृत बोर खनन कार्य को पुनः सदस्य निधि में शामिल कर राशि आहरण।
3. मुक्तिधाम आहाता निर्माण अधूरा।
4. मंगल भवन निर्माण अधूरा एवं गुणवत्ता अत्यंत खराब।
5. डीएमएफ मद से सीसी रोड निर्माण में गंभीर अनियमितताएं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार संबंधित सभी कार्यों का स्थल निरीक्षण अधिकारियों द्वारा किया जा चुका है। निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों की उपस्थिति में पंचनामा भी तैयार किया गया तथा निरीक्षण उपरांत रिपोर्ट तैयार कर ले जाई गई है। इससे पहले जनपद पंचायत बिलाईगढ़ की जांच टीम भी मौके पर पहुंचकर जांच कर चुकी है, हालांकि उसकी रिपोर्ट व आगे की कार्रवाई को लेकर अब तक कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
इसी क्रम में आज पुनः जिला पंचायत सारंगढ़–बिलाईगढ़ से अधिकारियों की टीम ग्राम पंचायत बालपुर पहुंचकर जांच प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में जुटी रही। अब सभी की निगाहें जिला स्तरीय जांच समिति की रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे मामले में आगे की प्रशासनिक कार्रवाई तय होगी।



- गर्लफ्रेंड ने बॉयफ्रेंड से शादी से किया इनकार फिर बॉयफ्रेंड ने जो किया जान्ने के लिये पढ़े पूरी खबर - January 28, 2026
- पिकरीपाली पंचायत में अवैध शराब बिक्री का आरोप, सरपंच व प्रतिनिधि पर गंभीर आरोप - January 27, 2026
- सदभावना मैच में प्रशासन एकादश का शानदार जीत पत्रकार एकादश को 24 रनों से हराया - January 27, 2026
